---Advertisement---

Ayurvedic Medicines का उपयोग करते है तो हो जाएं सावधान, ज्यादा इस्तेमाल से हो जाएंगी ये दिक्क़तें

Ayurvedic Medicines: आज के समय में व्यक्ति बीमारियों से छुटकारा पाने के लिए दवाओं का सेवन करता हैं। लेकिन विदेशी दवाओं से आयुर्वेद दवाओं पर लोगों को ज्यादा विश्वास होता है। आयुर्वेदिक दवाएं लंबे समय तक चलती है लेकिन ये कोई साइड इफेक्ट नहीं होने देती। आयुर्वेदिक और एलोपैथी में कौन सबसे ज्यादा बेहतर है। ...

Read more

Avatar of Anjali Sharma

By: Anjali Sharma

Published: जून 6, 2023 1:38 अपराह्न

Follow Us
---Advertisement---

Ayurvedic Medicines: आज के समय में व्यक्ति बीमारियों से छुटकारा पाने के लिए दवाओं का सेवन करता हैं। लेकिन विदेशी दवाओं से आयुर्वेद दवाओं पर लोगों को ज्यादा विश्वास होता है। आयुर्वेदिक दवाएं लंबे समय तक चलती है लेकिन ये कोई साइड इफेक्ट नहीं होने देती। आयुर्वेदिक और एलोपैथी में कौन सबसे ज्यादा बेहतर है। इसको लेकर असमंजस की स्थिति लोगों में बनी रहती है। जिस तरह आप सभी जानते हैं कि आयुर्वेदिक दवाओं के सेवन से कोई नुकसान नहीं होता, लेकिन इसके लिए भी आपको सावधान होने की जरूरत है। आइए जानते हैं कि आयुर्वेदिक और एलोपैथी क्या है।

आयुर्वेद और एलोपैथी का अलग अलग होता है ट्रीटमेंट

आयुर्वेदिक और एलोपैथिक की बात करें तो यह दोनों प्रमुख अलग-अलग ट्रीटमेंट सिस्टम होते हैं, जो अलग और अपने तरीके से काम करते हैं। आयुर्वेदिक प्राचीन भारतीय चिकित्सा प्रणाली हैं। जिसमें प्राकृतिक औषधि, आहार, योग, प्राणायाम और मनोविज्ञान का इस्तेमाल किया जाता है। विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा एक पारंपरिक चिकित्सा प्रणाली के रूप में आयुर्वेद को स्वीकार किया गया। आयुर्वेद के अनुसार मानव शरीर चार मूल तत्वों से बना हैं, जिसमें दोष, धातु, माला और अग्नि शामिल है। लेकिन इसमें हैरानी वाली बात यह हो सकती है कि सिर्फ एलोपैथी ही नहीं बल्कि आयुर्वेद के भी ज्यादा इस्तेमाल से साइड इफेक्ट हो सकते हैं।

यह भी पढ़ें : डायबिटीज से लेकर बालों तक शरीर को कई तरह के फायदे पहुंचता है Biotin Capsules, लेकिन नुकसान भी जान लें

कितनी सुरक्षित है आयुर्वेदिक दवाई

एक अध्ययन के मुताबिक बताया गया कि आयुर्वेद हर्बल दवाओं के लंबे समय तक सेवन से स्वास्थ्य में परिवर्तन देखने को मिल सकता है। विशेषज्ञों के मुताबिक बताया गया है कि एलोपैथी की तरह आयुर्वेद हर्बल दवाएं भी बिना किसी विशेषज्ञ की सलाह के नहीं लेनी चाहिए। कुछ जड़ी बूटियां हल्की होती है और कुछ जड़ी बूटियां काफी स्ट्रांग पाई जाती है हल्की जड़ी बूटियां सेहत के लिए सुरक्षित मानी गई है। जबकि स्ट्रांग जड़ी बूटियां कई बार शरीर को नुकसान पहुंचा सकती है। ऐसा माना गया है कि एलोपैथिक दवाओं की तरह आयुर्वेदिक दवाओं पर भी भारत के कड़े नियम होने चाहिए।

विशेषज्ञों के मुताबिक सर्पगंधा जड़ी बूटी का इस्तेमाल ब्लड प्रेशर को कंट्रोल करने के लिए किया जाता है। वह एक तरह से व्यक्ति के डिप्रेशन का कारण बन सकता है। इसलिए डॉक्टर के परामर्श के अनुसार ही इस जड़ी बूटी का सेवन करें।

डिस्क्लेमर: इस आर्टिकल में बताई विधि, तरीक़ों व दावों को केवल जानकारी के रूप में लें। DNP News Network/Website/Writer इनकी पुष्टि नहीं करता है। इस तरह के किसी भी उपचार/दवा/डाइट पर अमल करने से पहले डॉक्टर की सलाह जरूर लें। 

यह भी पढ़ें : Summer Outfits: गर्मियों में दिखना है कूल , तो मृणाल ठाकुर के इन शानदार लुक्स को करें फॉलो

देश और दुनिया की तमाम खबरों के लिए हमारा YouTube Channel ‘DNP INDIA’ को अभी subscribe करें। आप हमें FACEBOOKINSTAGRAM और TWITTER पर भी फॉलो कर सकते हैं।

Avatar of Anjali Sharma

Anjali Sharma

अंजलि शर्मा पिछले 2 साल से पत्रकारिता के क्षेत्र में काम कर रही हैं। अंजलि ने महर्षि दयानंद यूनिवर्सिटी से अपनी पत्रकारिता की पढ़ाई की है। फिलहाल अंजलि DNP India Hindi वेबसाइट में कंटेंट राइटर के तौर पर काम कर रही हैं।
For Feedback - feedback@dnpnewsnetwork.com

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Related News

Health Tips

अप्रैल 23, 2026

Diabetes

अप्रैल 23, 2026

Cancer

अप्रैल 22, 2026

Health Tips

अप्रैल 22, 2026

High Cholesterol

अप्रैल 22, 2026

Diabetes

अप्रैल 22, 2026