Brain Health: दिल के साथ-साथ दिमाग का स्वस्थ रखना बहुत जरूरी है और ऐसे में सिर्फ एक आदत आपके दिमाग को फ्रेश और एनर्जेटिक बनाने के लिए काफी होता है। यह जानकर शायद आपको हैरानी हो सकती है लेकिन अगर दोपहर के समय आप सिर्फ यह एक काम कर लेते हैं तो इससे आपको फायदा हो सकता है। आइए जानते हैं आखिर कार्डियोलॉजिस्ट एंड फंग्शनल मेडिसिन एक्सपर्ट डॉ आलोक चोपड़ा ने क्या कहा है इस बारे में। कैसे आप अपने एनर्जी को दोपहर के बाद भी बरकरार रख सकते हैं। आपके ब्रेन हेल्थ के लिए क्या होता है जरूरी। आइए जानते हैं इस पर एक्सपर्ट ने क्या राय दी है।
15 से 20 मिनट की झपकी का देखें Brain Health पर क्या है असर
ब्रेन हेल्थ को लेकर बात करते हुए एक्सपर्ट ने कहा कि दोपहर में एनर्जी का कम होना आपका शरीर आपको धोखा नहीं दे रहा है। वह तो बस आराम मांग रहा है। 15 से 20 मिनट की झपकी दिमाग को तनाव से निकाल कर आराम की ओर ले जाने में मदद कर सकती है। इससे सोचने की स्पष्टता, एकाग्रता और दिमागी काम करने की क्षमता बेहतर होती है। जब दिमाग आखिरकार शांत हो जाता है। यहां तक की सबसे व्यस्त लोग भी उन चीजों के लिए समय निकाल लेते हैं जो उन्हें ठीक से काम करने में मदद करती है।
जानिए कैसे हो सकता है दिमाग के लिए 15 मिनट में जादू
इस दौरान ब्रेन हेल्थ के लिए एक्सपर्ट ने 15 से 20 मिनट की झपकी लेना जरूरी बताया है। वहीं एक्सपर्ट का यह भी कहना है कि आपका दिमाग इस दौरान शांत होना चाहिए लेकिन आपको यह पता होना चाहिए कि आखिर कौन आपको आवाज लग रहा है। सिर्फ इतना कर लेने से आपको फायदा हो सकता है और आप 15 से 20 मिनट की झपकी के बाद एनर्जेटिक महसूस करेंगे और सभी स्ट्रेस गायब हो जाएंगे।
कैसे दोपहर के समय अपने लिए निकाले समय
दोपहर की झपकी लेने के समय के बारे में बात करते हुए एक्सपर्ट ने बताया कि ब्रेन हेल्थ के लिए लगभग 2:30 बजे के आसपास आपका दिमाग शांत हो जाता है। ऐसे में इस समय आप खुद को 15 से 20 मिनट के लिए आराम दे। इसके साथ एक्सपर्ट मे ऑफिस में काम करने वाले लोगों को भी कहा है कि आप हेड डाउन करके कुछ देर के लिए बैठ सकते हैं।
Disclaimer: यह लेख और इसमें दी गई चिकित्सीय परामर्श केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है। यह किसी भी तरह से किसी योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। इस लेख में बताए गए तरीकों और दावों को केवल सुझाव माना जाना चाहिए; डीएनपी इंडिया हिंदी न तो इनकी पुष्टि करता है और न ही खंडन करता है। ऐसे किसी भी सुझाव/उपचार/दवा/आहार का पालन करने से पहले हमेशा डॉक्टर से सलाह लें।
