India-US Trade Deal: अमेरिका और भारत के बीच एक बार फिर मामला गड़बड़ा गया है। जिसने लोगों की टेंशन बढ़ा दी है। बता दें कि अमेरिकी सीनेट की तरफ से एक बिल को मंजूर कर लिया गया है। जिसमे कहा गया है कि यूएस भारत, चीन समेत कई देशों पर 100 प्रतिशत का टैरिफ लगाएगा।
दरअसल अमेरिका ने यह आरोप लगाया है कि भारत और चीन बड़ी मात्रा में रूस से कच्चा तेल खरीद रहा है जिसका पैसा यूक्रेन पर हमला करने के लिए कहा गया है। वहीं अब इस मामले में भारत ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी है और साफ शब्दों में कहा है कि जहां से भारत का हित होगा वहीं से भारत अपनी जरूरतें पूरा करेगा।
अमेरिका की धमकी पर भारत का करारा जवाब
अमेरिका के इस फैसले के बाद अब भारत ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी है। केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने इस मामले में अपना बयान देते हुए कहा कि “उन्होंने एक जांच के तहत कुछ टैरिफ लगाए हैं। बाकी पर बातचीत चल रही है। हमारे लिए, जब तक हमें तुलनात्मक लाभ या तुलनात्मक ड्यूटी का फायदा मिलता रहेगा,
Delhi: Union Minister Piyush Goyal says, “…They have imposed some tariffs under one investigation. Others are under discussion. For us, as long as we have comparative advantage or comparable duties, I think India will continue to grow its echelons and continue to leverage the… pic.twitter.com/HbZZSAnA73
— IANS (@ians_india) July 29, 2026
मुझे लगता है कि भारत आगे बढ़ता रहेगा और अमेरिका में मौजूद बड़े मौकों का फायदा उठाता रहेगा”। गौरतलब है कि शुरू से ही भारत ने यह साफ कर दिया है कि अगर वह किसी भी परिस्थिति में झुकेगा नहीं और भारत के लोगों के हितों में ही फैसला लेता रहेगा, चाहे वह कहीं पर भी हो।
India-US Trade Deal पर क्या बोले पीयूष गोयल
बता दें कि India-US Trade Deal पर केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने इस मामले पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि “हमने अमेरिका के साथ द्विपक्षीय व्यापार समझौते के पहले चरण को अंतिम रूप दिया है, जिसकी घोषणा हमारे नेताओं ने 3 फरवरी को की थी।
#WATCH | Delhi | On India-US trade deal, Union Minister Piyush Goyal says, “What we have finalized with the US as the first tranche of the bilateral trade agreement, which was announced by our leaders on the 3rd of February, will come into operation as soon as the United States… pic.twitter.com/HwvruzbFJv
— ANI (@ANI) July 29, 2026
यह समझौता तब लागू होगा जब अमेरिका यह सुनिश्चित कर लेगा कि हमें अपने प्रतिस्पर्धियों जैसे हमारे पड़ोसी देशों और आसियान क्षेत्र के देशों की तुलना में बेहतर स्थिति मिले। बीटीए के पहले चरण का आधार यही था। और एक बार जब यह आधार फिर से बन जाएगा, तो अमेरिका के साथ बीटीए पूरी तरह तैयार हो जाएगा। भारत अपने निर्यात को बढ़ाता रहेगा और अमेरिका में मौजूद बड़े अवसरों का लाभ उठाता रहेगा।”







