Anurag Dhanda: दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने दिल्ली लक्ष्मी योजना की जानकारी देते हुए बताया था कि 1 अगस्त से इस योजना के तहत पोर्टल की शुरूआत की जाएगी, और रक्षाबंधन के समय 2500 रूपये की धनराशि महिलाओं के खाते में ट्रांसफर की जाएगी। वहीं अब इस योजना को लेकर आप के राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी Anurag Dhanda ने दिल्ली सरकार की इस योजना पर सवाल खड़े किए है। चलिए आपको बताते है इससे जुड़ी सभी महत्वपूर्ण जानकारी।
दिल्ली लक्ष्मी योजना को लेकर Anurag Dhanda ने उठाए सवाल
न्यूज एजेंसी एएनआई से बात करते हुए आप नेता Anurag Dhanda ने इस मामले पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि “मुझे लगता है कि बीजेपी बहुत उलझन में रहने वाली पार्टी है। आज बीजेपी उसी हालत में है जिसमें UPA-II थी। उन्हें बस यह नहीं पता कि क्या करना है और क्या नहीं, फिर 2,400 यूनिट बिजली की सीमा है, यानी महीने में 200 यूनिट, जो दिल्ली में लगभग हर कोई इस्तेमाल करता है। तो, अगर कोई महीने में 200 यूनिट बिजली इस्तेमाल करता है, तो उसे ‘महिला सम्मान’ का फ़ायदा भी नहीं मिलेगा।
#WATCH | Delhi: On opposition to the eligibility criteria for welfare schemes in Delhi, AAP leader Anurag Dhanda says, “I feel the BJP is a very confused party. The BJP today finds itself in the same state that UPA-II was in; they simply do not know what to do and what not to… pic.twitter.com/Ex46wyOdKf
— ANI (@ANI) July 29, 2026
ऐसा लगता है कि उन्होंने अपनी शर्तें और नियम ख़ास तौर पर ऐसे बनाए हैं जिनसे असल में हर कोई इस स्कीम के फ़ायदे लेने के लिए अयोग्य हो जाता है। उन्होंने सबको साथ लेकर चलने वाली पॉलिसी के बजाय सबको बाहर रखने वाली पॉलिसी बनाई है। इससे BJP की नीयत में खोट का पता चलता है; वे बस किसी को भी सरकारी खजाने से सुविधाएँ, सम्मान या कोई आर्थिक मदद नहीं देना चाहते।”
क्या है दिल्ली लक्ष्मी योजना
दिल्ली लक्ष्मी योजना दिल्ली सरकार की महिला कल्याण योजना है, जिसके तहत पात्र महिलाओं को हर महीने ₹2,500 की आर्थिक सहायता देने का प्रावधान किया गया है। हाल ही में दिल्ली कैबिनेट ने इस योजना को मंजूरी दी है और इसका उद्देश्य महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाना है। पात्र महिलाओं को ₹2,500 प्रति माह मिलेंगे। आवेदन प्रक्रिया ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से होगी। पंजीकरण 1 अगस्त से शुरू होने की घोषणा की गई है।







