CM Yogi Adityanath: उत्तर प्रदेश में किसानों को आधुनिक खेती से जोड़ने और कृषि व्यवस्था को मजबूत बनाने की दिशा में योगी सरकार लगातार कदम उठा रही है। गौरतलब है कि CM Yogi Adityanath ने अधिकारियों को किसानों तक तकनीक, बेहतर बाजार, सिंचाई, बीज और दूसरी जरूरी सुविधाएं समय पर पहुंचाने के निर्देश दिए हैं। बता दें कि यूपी सरकार किसानों को हर प्रकार की मदद पहुंचाने में लगी हुई है, ताकि उन्हें किसी प्रकार की परेशानी ना हो। यूपी सरकार कृषि व्यवस्था में पारंपरिक तरीकों के साथ आधुनिक तकनीक को जोड़ने पर जोर दिया है। जिसका असर भी साफ तौर पर देखने को मिल रहा है। किसानों को खेती में फायदा मिल रहा है।
यूपी सरकार ने एक्स हैंडल पर दी जानकारी
यूपी सरकार ने अपने एक्स हैंडल पर जानकारी देते हुए कहा कि “कृषि विकास में प्रगति, ग्रामीण क्षेत्रों में समृद्धि। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के मार्गदर्शन एवं CM Yogi Adityanath जी के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश के किसानों को आधुनिक कृषि तकनीकों से जोड़ते हुए उनकी आय में वृद्धि और कृषि क्षेत्र के समग्र विकास के लिए निरंतर कार्य किया जा रहा है।
कृषि विकास में प्रगति
ग्रामीण क्षेत्रों में समृद्धि…प्रधानमंत्री श्री @narendramodi जी के मार्गदर्शन एवं मुख्यमंत्री @myogiadityanath जी के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश के किसानों को आधुनिक कृषि तकनीकों से जोड़ते हुए उनकी आय में वृद्धि और कृषि क्षेत्र के समग्र विकास के लिए निरंतर… pic.twitter.com/sm1ZY6Gsfd
— Government of UP (@UPGovt) August 26, 2026
इसी क्रम में पूर्वी उत्तर प्रदेश के 21 एवं बुंदेलखंड के 7 जनपदों में कृषि उत्पादकता एवं अन्नदाताओं की आय में वृद्धि हेतु विश्व बैंक वित्तपोषित उत्तर प्रदेश एग्रीकल्चर ग्रोथ एंड रूरल एंटरप्राइज इकोसिस्टम स्ट्रेंथनिंग (UP-AGREES) परियोजना के अंतर्गत UPDASP के साथ गूगल एवं नेटवर्क फॉर ह्यूमैनिटी, आईटीसी तथा एक्वाब्रिज का समझौता ज्ञापन (MoU) हस्ताक्षर समारोह आयोजित किया जा रहा है। इस पहल से किसानों को उन्नत कृषि पद्धतियों, आधुनिक तकनीक और संगठित बाजार व्यवस्था का लाभ मिलेगा, जिससे उनकी उत्पादकता और आय में वृद्धि होगी”।
आधुनिक तकनीक से खेती पर जोर
CM Yogi Adityanath ने कृषि व्यवस्था में पारंपरिक तरीकों के साथ आधुनिक तकनीक को जोड़ने पर जोर दिया है। अप्रैल 2026 में उत्तर प्रदेश कृषि विज्ञान कांग्रेस में उन्होंने कहा था कि कृषि में आत्मनिर्भरता और खाद्य सुरक्षा के लिए पारंपरिक कृषि प्रणाली को मजबूत करने के साथ आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल जरूरी है।
इसके तहत वैज्ञानिक शोध को किसानों के खेतों तक पहुंचाने, नई तकनीकों को बढ़ावा देने और खेती को मौसम की चुनौतियों के लिहाज से अधिक सक्षम बनाने पर जोर दिया जा रहा है। इस व्यवस्था का उद्देश्य किसानों को एक ही पहचान के जरिए अलग-अलग कृषि योजनाओं का लाभ दिलाना है।







