Bengal Elections 2026: तृणमूल कांग्रेस यानी टीएमसी की सबसे बड़ी ताकत ममता बनर्जी की प्रभावशाली छवि बनी हुई है। वह राज्य के राजनीतिक परिदृश्य में एक प्रमुख हस्ती रही हैं। उनका भारी जनसमर्थन और उनका दृढ़ संकल्प पश्चिम बंगाल की राजनीति में विपक्षी दलों पर हमेशा भारी पड़ता दिखाई देता रहा है। हालाँकि, इन सबके बीच टीएमसी को एक बड़ा झटका लगा है। विशेष रूप से, पूर्व भारतीय टेनिस स्टार ओलंपिक और विश्व कप के कांस्य पदक विजेता लिएंडर पेस मंगलवार को भारतीय जनता पार्टी में शामिल हो गए। इससे पहले, इस पूर्व टेनिस खिलाड़ी ने 2021 में ममता बनर्जी की पार्टी टीएमसी में शामिल हुए थे। पश्चिम बंगाल में आगामी विधानसभा चुनावों से ठीक पहले लिएंडर पेस के भाजपा में शामिल होने के इस फ़ैसले ने ममता बनर्जी की पार्टी पर राजनीतिक और चुनावी चिंता की छाया डाल दी है।
पूर्व टेनिस खिलाड़ी लिएंडर पेस भाजपा में हुए शामिल
आपको बता दें कि इस साल पश्चिम बंगाल में वोटिंग सिर्फ़ दो चरणों में होगी, जिसके लिए चुनाव आयोग ने 23 और 29 अप्रैल की तारीखें तय की हैं। वहीं, वोटों की गिनती 4 मई को होनी है। देश की राजधानी स्थित भाजपा मुख्यालय में पूर्व भारतीय टेनिस खिलाड़ी लिएंडर पेस ने केंद्रीय मंत्री किरण रिजिजू और सुकांत मजूमदार की मौजूदगी में भाजपा जॉइन की। ऐसी संभावना है कि बीजेपी बंगाल विधानसभा चुनाव में इस पूर्व भारतीय टेनिस स्टार को मैदान में उतार सकती है।
पूर्व टेनिस खिलाड़ी लिएंडर पेस ने भाजपा ज्वाइन करने पर कहा, “मैं प्रधानमंत्री मोदी, केंद्रीय मंत्री अमित शाह और भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन का धन्यवाद करना चाहूंगा। मुझे जो अवसर दिया गया है, उसके लिए मैं आभारी हूं… यह महज़ एक टिकट नहीं है बल्कि यह एक बड़ी ज़िम्मेदारी है। मुझे देश और उसके युवाओं की सेवा करने का अवसर मिला है। ‘खेलो इंडिया’ एक बेहतरीन पहल है। मेरा इरादा युवाओं पर उसी समर्पण और एकाग्रता के साथ ध्यान केंद्रित करना है, जैसा कि प्रधानमंत्री ने ‘खेलो इंडिया’ और युवा पीढ़ी के प्रति दिखाया है।”
राजनीतिक जानकारों की मानें तो पूर्व भारतीय टेनिस स्टार के बीजेपी में आने से दक्षिण कोलकाता और जादवपुर जैसे क्षेत्रों में टीएमसी कमजोर होगी। इतना ही नहीं, लिएंडर पेस अपने छवि से तृणमूल कांग्रेस के शहरी वोट बैंक में सेंध लगा सकते हैं। लिएंडर पेस को टीएमसी से बीजेपी के पाले में लाना भाजपा अध्यक्ष नितिन नबीन का बड़ा मास्टर स्ट्रोक साबित हो सकता है।
बंगाल चुनाव 2026 में ममता बनर्जी क्या बीजेपी को रोक पाएँगी?
आजकल, देश की नज़रें पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 पर टिकी हुई हैं। इसकी मुख्य वजह यह है कि ममता बनर्जी न सिर्फ़ एक बार, बल्कि लगातार तीन बार पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री चुनी गई हैं। अब, जब पश्चिम बंगाल एक बार फिर विधानसभा चुनावों की दहलीज़ पर खड़ा है, तो ममता बनर्जी चौथी बार तृणमूल कांग्रेस का चेहरा बनकर चुनावी मैदान में अपनी पूरी ताक़त दिखा रही हैं। ऐसे में, अगर ममता एक बार फिर अपनी पार्टी यानी टीएमसी को जीत दिलाती हैं, तो वह लगातार चार विधानसभा चुनाव जीतकर इतिहास रचने वाली पश्चिम बंगाल की पहली मुख्यमंत्री बन सकती हैं। वहीं, दूसरी ओर पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव जीतने के लिए भारतीय जनता पार्टी कोई कसर नहीं छोड़ना चाहती है।






