Jharkhand News: बाबा बैद्यनाथ की धरती एक बार फिर बोल बम के नाम से गूंजने वाली है। मालूम हो कि आज से श्रावणी मेले की शुरूआत हो चुकी है। हर साल लाखों की संख्या में कांवरिए और श्रद्धालु सावन के पावन महीने में बाबा बैद्यनाथ धाम में पहुंचते है और कई किलोमीटर की पैदल यात्रा करके जल अर्पित करते है। इसी को ध्यान में रखते हुए झारखंड सरकार ने पूरी तरह से कमर कस ली है। सुरक्षा व्यवस्थाओं के साथ-साथ कांवरियों व श्रद्धालुओं को प्रशासन और सरकार की तरफ से सभी प्रकार की जरूरी सुविधाएं मुहैया कराई जाएंगी।
श्रावणी मेला 2026 का हुआ भव्य शुभारंभ
श्रावणी मेला भारत के प्रमुख धार्मिक मेलों में से एक है, जो मुख्य रूप से सावन महीने में आयोजित किया जाता है। यह मेला भगवान शिव की आराधना, आस्था और कांवड़ यात्रा से जुड़ा हुआ है। देशभर से लाखों श्रद्धालु इस दौरान बाबा बैद्यनाथ का जलाभिषेक करने और पूजा-अर्चना के लिए पहुंचते हैं। मालूम हो कि हिंदू धर्म में सावन महीना भगवान शिव का एक अत्यंत प्रिय महीना माना जाता है।
राजकीय श्रावणी मेला 2026 का भव्य शुभारंभ आज से…
बाबा बैद्यनाथ धाम एवं बाबा बासुकीनाथ धाम में पधारने वाले सभी कांवरियों व श्रद्धालुओं का हार्दिक अभिनंदन एवं जोहार…
बोल बम@VisitJharkhand pic.twitter.com/lNxjjLEpIG— Office of Chief Minister, Jharkhand (@JharkhandCMO) July 29, 2026
मान्यता है कि इस महीने में भगवान शिव की पूजा, जलाभिषेक और व्रत करने से विशेष फल की प्राप्ति होती है। इसकी बीच मुख्यमंत्री कार्यालय, झारखंड ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर जानकारी देते हुए लिखा कि राजकीय श्रावणी मेला 2026 का भव्य शुभारंभ आज से, बाबा बैद्यनाथ धाम एवं बाबा बासुकीनाथ धाम में पधारने वाले सभी कांवरियों व श्रद्धालुओं का हार्दिक अभिनंदन एवं जोहार, बोल बम।
कांवरिए, श्रद्धालु इन बातों का रखें ध्यान
- यात्रा से पहले मौसम और प्रशासनिक निर्देशों की जानकारी लें।
- लंबी पैदल यात्रा के लिए आरामदायक कपड़े और जूते पहनें।
- पर्याप्त पानी और आवश्यक दवाएं साथ रखें।
- भीड़ में सावधानी बरतें और बच्चों व बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखें।
- धार्मिक स्थलों की स्वच्छता बनाए रखें।
