US Iran War: होर्मुज को लेकर अमेरिका और ईरान के बीच वॉर अब बेकाबू होकर आफत का रूप ले चुकी है। दोनों देशों की आपसी दुश्मनी की आग में अब बेकसूर अंतरराष्ट्रीय व्यापारिक जहाज और उनमें काम करने वाले मासूम लोगों पर आफत आ रही है। दोनों देशों के बीच की दुश्मनी अब सिर्फ आपसी नहीं रहा क्योंकि इसकी वजह से दुनिया के तेल और समुद्री सुरक्षा पर भी आफत आ गई है। वहीं इस सबके बीच एक भारतीय नाविक की मौत और हमले में आठ लोगों को घायल बताया जा रहा है। इस सब के बीच हुई यूएई की तरफ से कड़ी चेतावनी दी गई है।
अमेरिका और ईरान में सैन्य टकराव का क्या है माजरा
शुरुआत में अमेरिका ने ईरान के भीतर और उसके तटीय इलाकों में लगभग 140 सैन्य ठिकानों पर हवाई हमले किए। इसके साथ ही अमेरिकी सेना ने ईरान के अब्बास और केश्म द्वीप को अपना निशाना बनाया। इस कार्रवाई के जवाब में ईरान ने भी बदले का रुख अपनाते हुए कुवैत, कतर और संयुक्त अरब अमीरात (UAE) में स्थित अमेरिकी मिलिट्री बेसों पर बमबारी करने की कोशिश की जो खतरनाक मोड़ ले चुका है।
कमर्शियल तेल टैंकरों पर मिसाइल हमला के बाद जानें क्या निकला परिणाम
ईरान ने ओमान के समुद्री क्षेत्र में संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के झंडे वाले दो वाणिज्यिक जहाजों ‘मोंबासा’ और ‘बाहिया’ पर क्रूज़ मिसाइलों से खतरनाक हमला कर दिया। वहीं दूसरी तरफ ईरान का दावा है कि ये जहाज़ नियमों का उल्लंघन करके गलत रास्ते से जा रहे थे। बमबारी की वजह से दोनों तेल टैंकरों में भयंकर आग लग गई और जहाजों को भारी नुकसान पहुंचा।
US Iran War के बीच भारतीय नाविकों की मौत
यूएस ईरान वार में भारत को भी झटका लगा है क्योंकि जहाज पर तैनात एक नाविक की मिसाइल हमले के बीच मौत बताई जा रही है जबकि 6 भारतीय गंभीर रूप से घायल बताए जा रहे हैं। यूक्रेन के दो नागरिक को चोटिल कहा जा रहा है जिसे लेकर यूएई ने चेतावनी जारी की है। ईरान के इस कदम की निंदा करते हुए सरकार का कहना है कि व्यापारिक जहाजों को निशाना बनाना बेशक नियमों के खिलाफ उल्लंघन है और ऐसे में अब ईरान को इसका करारा जवाब मिलेगा।
अमेरिका और ईरान की लड़ाई खतरनाक मोड़ ले चुका है और दोनों के बीच यह खूनी जंग किस तरफ रुख करती है यह देखना दिलचस्प है।
