US-Israel-Iran War: तेहरान से मशहद समेत ईरान के तमाम प्रमुख शहरों में धरती खून से रंगी है। अमेरिकी-इजरायली एयर स्ट्राइक में हजार से अधिक ईरानियों की मौत हुई है। मासूम बच्चों से लेकर वयस्क लोग तक यूएस-इजरायल-ईरान वॉर की चपेट में आए हैं। मिडिल ईस्ट में छिड़े इस जंग का दौर लगातार जारी है।
ईरान के पलटवार के बाद अमेरिका-इजरायल और जोरों के साथ एयर स्ट्राइक कर रहे हैं। ऐसे में बड़ा सवाल है कि आखिर अमेरिका-इजरायल-ईरान वॉर पर विराम कब लगेगा? खून से रंगी ईरान की धरती पर शांति-चैन की स्थिति कब बहाल होगी? ऐसे तमाम सवाल हैं जिनका जवाब ढूंढ़ने की कोशिश की जाएगी।
अमेरिकी-इजरायली स्ट्राइक में 1000 से अधिक ईरानियों की मौत!
27 फरवरी की सुबह इजरायल ने ईरान पर हमला बोलते हुए दुनिया का चौंका दिया। इजरायली हमले को अमेरिका का बैकअप मिला और दोनों देशों ने मिलकर ईरान में तबाही मचाने का काम किया है। आलम ये है कि अब तक ईरान में 1000 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है। मानवाधिकार संगठन 1097 लोगों की मौत का दावा कर रहे हैं।
मीडिया रिपोर्ट्स के आंकड़े थोड़े अलग हैं। विभिन्न मीडिया रिपोर्ट में यूएस-इजरायल-ईरान वॉर की चपेट में आने से मारे गए लोगों की संख्या 1045 बताई गई है। मृतकों की संख्या दर्शाती है कि ईरान पर हुए इजरायली-अमेरिकी हमलों का असर धरातल पर कैसा रहा होगा। यही वजह है कि ईरान की धरती खून से लाल बताई जा रही है।
मिडिल ईस्ट में छिड़े US-Israel-Iran War पर कब लगेगा विराम?
इस सवाल का पुख्ता जवाब भविष्य के गर्भ में है। ईरानी सुप्रीम लीडर आयातुल्ला अली खामेनेई की मौत के बाद ईरान के कमजोर होने की बात कही जा रही थी। हालांकि, ईरानी सेना ने अरब देशों में स्थित कई अमेरिकी एयरबेस को निशाना बनाकर अपने मंसूबे स्पष्ट कर दिए हैं। तमाम धमकियों के बावजूद ईरान झुकने का नाम नहीं ले रहा है।
प्रेसिडेंट डोनाल्ड ट्रंप खुद ईरानी सेना को हथियार डालने की चेतावनी दे चुके हैं जिसे ईरान नजरअंदाज कर चुका है। स्थिति को देखते हुए डोनाल्ड ट्रंप ने ही स्पष्ट किया है कि ईरान का नेतृत्व तेजी से खत्म हो रहा है। जो भी नेता बनना चाहता है, उसकी मौत हो जाती है। ऐसे में युद्ध अभी कई हफ्तों तक चल सकता है।
इससे साफ है कि हाल-फिलहाल में अमेरिका-इजरायल-ईरान वॉर पर विराम लगने की संभावना नहीं नजर आ रही है। हालांकि, यदि ऐसा कुछ होता है कि दुनिया के लिए राहत भरी खबर होगी। दुनिया भी एक-टक नजरें जमाकर जंग पर विराम लगने का इंतजार कर रही है।






